Monday, August 13, 2012

तुम याद आए


  1. गीत लबो ने जो गुनगुनाये
    तो तुम याद आए
    हुयीं नाकाम हर सदाये
    पर तुम नहीं आए
    अश्क आँख में जब आए
    हम इस उम्मीद से नहाये
    ...
    की जो तेरी याद में आए
    उसे कैसे पी जाए
    ये सोच समंदर बहाये
    पर तुम नहीं आए
    अजब उदासियो के साये
    पर इश्क न लड़खराये
    रहे नजरों को हम बिछाये
    ख्वाब बुनती यह निगाहें
    हर सदा निहारती राहे
    पर तुम नहीं आए
    गीत लबो ने जो गुनगुनाये
    तो तुम याद आए

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